बच्चों व महिलाओं को स्वावलंबी बनाने की दिशा में किया जा रहा कार्य
नवज्योति/देवरी। निकटवर्ती शिव गोरी मंदिर प्रांगण में एक महत्वपूर्ण चयन एवं प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया गया। शिक्षण एवं सेवा संस्थान, जयपुर द्वारा संचालित ग्राम शिक्षा सशक्तिकरण अभियान के तहत आयोजित इस कार्यक्रम में रानी ब्लॉक के आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में शिक्षित महिलाओं ने शिरकत की। शिक्षा से वंचित बच्चों का भविष्य संवारेंगी महिलाएं। पाली जिला समन्वयक जोनल प्रमोद सारण ने बताया कि संस्थान का लक्ष्य ग्रामीण क्षेत्रों में ‘ड्रॉप-आउट’ बच्चों की पहचान कर उन्हें फिर से पढ़ाई की ओर मोड़ना है।
इस विशेष अभियान के तहत प्रत्येक केंद्र पर 20 बच्चों की टोली बनाई जाएगी, जिनके मार्गदर्शन के लिए दो महिला शिक्षा प्रेरकों की नियुक्ति की जा रही है। शिविर के दौरान ब्लॉक समन्वयकों ने आवेदकों के दस्तावेजों की सूक्ष्मता से जांच की और साक्षात्कार के माध्यम से उनकी योग्यता का आकलन किया। ‘शिक्षा हर घर’ के संकल्प पर जोर कार्यक्रम में मौजूद अधिकारियों ने ‘शिक्षा आपके द्वार’ के विजन को साझा करते हुए बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा से वंचित बच्चों की सूची तैयार की जा रही है।
संस्थान का यह निजी प्रयास महिलाओं को उनके अपने ही गांव में सेवा, रोजगार और सम्मान दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है। शिविर में इनकी रही गरिमामय उपस्थिति चयन प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने और मार्गदर्शन देने के लिए संस्थान के प्रमुख पदाधिकारी मौजूद रहे। इस अभियान से न केवल साक्षरता दर में सुधार होगा, बल्कि ग्रामीण महिलाओं को आर्थिक संबल भी प्राप्त होगा। शिविर के अंत में ‘शिक्षा हर घर’ के प्रचार-प्रसार पर विशेष जोर दिया गया।
